भविष्य के लीडर को गुणवत्ता युक्त शिक्षा प्रदान करना
हमारी पहल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, करियर मार्गदर्शन और कौशल विकास के माध्यम से छात्रों को सशक्त बनाने पर केंद्रित हैं। ‘प्रोजेक्ट कनेक्ट’ एवं ‘नंदघर’ के माध्यम से हम छात्रों को सहयोग, शिक्षकों को प्रशिक्षण और समुदाय में शिक्षा की भागीदारी को बढ़ावा दे रहे हैं।
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छात्र, वित्तवर्ष 2025 में लाभान्वित
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प्रशिक्षित सरकारी शिक्षक
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नंद घर विद्यालय
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बच्चे और माताएं लाभान्वित
बच्चों और माताओं को एक उज्जवल भविष्य के लिए सशक्त बनान
नंद घर, वेदांता और भारत सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की संयुक्त पहल है, जिसका उद्देश्य बच्चों को गुणवत्तापूर्ण प्रारंभिक शिक्षा और बेहतर पोषण उपलब्ध कराना है।
नंद घर में बच्चों को आकर्षक बाला (बिल्डिंग एज लर्निंग एड) पेंटिंग्स, डिजिटल लर्निंग सुविधाओं और आधुनिक शिक्षण पद्धतियों के माध्यम से शिक्षा दी जाती है। यहां ई-लर्निंग के लिए टीवी, स्वच्छ पेयजल और साफ-सुथरे शौचालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे बच्चों की उपस्थिति, सीखने की क्षमता और स्कूल के लिए उनकी तैयारी में सकारात्मक सुधार देखा गया है।
वर्ष के दौरान छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में संचालित 111 नंद घरों से 7,000 से अधिक बच्चों और माताओं को लाभ मिला। नंद घर प्री-स्कूल शिक्षा, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य देखभाल के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में विकसित हुए हैं।
इस पहल के अंतर्गत 222 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (ईसीसीई) का प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही, अभिभावकों को बच्चों के प्रारंभिक विकास, पोषण और देखभाल संबंधी जानकारी प्रदान की गई।
कुपोषण की रोकथाम के लिए पौष्टिक भोजन बनाने के तरीकों पर जागरूकता, किचन गार्डन की स्थापना, मौसमी बीमारियों पर स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं से लोगों को जोड़ने का कार्य भी किया गया। समुदाय की भागीदारी और सरकारी सहयोग के माध्यम से इस पहल को और अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है।
यह परियोजना सोशल रिवाइवल ग्रुप ऑफ अर्बन, रूरल एंड ट्राइबल (श्रोत) के सहयोग से संचालित की जा रही है।
चेयरमैन का संदेश
हमारी प्रमुख परियोजना नंद घर के माध्यम से हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बाल कुपोषण उन्मूलन, शिक्षा एवं स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने और ग्रामीण महिलाओं को कौशल विकास के जरिए सशक्त बनाने के लिए दृढ़ प्रतिबद्ध हैं। मुझे पूरा विश्वास है कि नंद घर जमीनी स्तर पर माँ और बच्चे के लिए एक बेहतर कल का निर्माण करता रहेगा।
अनिल अग्रवाल
बालको कनेक्ट कोचिंग कार्यक्रम – कोरबा एवं कवर्धा
बालको युवाओं को सरकारी नौकरी की तैयारी के लिए बेहतर अवसर प्रदान करने हेतु विशेष कोचिंग कार्यक्रम संचालित कर रहा है। इस पहल का उद्देश्य युवाओं के ज्ञान, कौशल और आत्मविश्वास को बढ़ाना है, ताकि वे स्थायी रोजगार प्राप्त कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
वित्त वर्ष 2026 में बालको ने दो निःशुल्क कोचिंग केंद्र, बालको कनेक्ट कोचिंग प्रोग्राम (कोरबा) और बालको कनेक्ट भोरमदेव विद्यापीठ कोचिंग प्रोग्राम (कवर्धा) स्थापित किए। इन केंद्रों में पाथ आईएएस अकादमी और दिल्ली आईएएस अकादमी के अनुभवी शिक्षकों द्वारा छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) तथा व्यापम जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाती है। वित्तवर्ष 2026 के दौरान इन केंद्रों से लगभग 300 अभ्यर्थियों को लाभ मिला।
सरकारी स्कूलों में स्मार्ट क्लास का समर्थन, स्कूल छोड़ चुके विद्यार्थियों के लिए विशेष अध्ययन कक्षाएं (रिमेडियल क्लासेस) तथा समर कैंप और अन्य सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का आयोजन भी किया जाता है, जिससे विद्यार्थियों के सीखने के स्तर में सुधार हो सके।
यह परियोजना विद्या भवन सोसायटी के सहयोग से संचालित की जा रही है।